Thursday, March 20, 2008

मोहन पार्क कवि सम्मेलन

दिनांक 19 मार्च 2008 को माडल टाउन क्षेत्र के मोहन पार्क रेजीडेन्ट वेलफेयर द्वारा श्री ज्ञानचन्द जैन की अध्यक्षता में होली मिलन समारोह का आयोजन किया गया। इस समारोह में अतिथि के रूप में श्री मंगत राम सिंगल-मंत्री दिल्ली सरकार, कुंवर करण सिंह-विधायक, श्री सु्रेन्द्र गुप्ता-पार्षद, श्री मुकेश गोयल-पार्षद उपस्थित थे। राजेश चेतन के संचालन में लगभग चार घंटे श्रोताओं ने कवि सम्मेलन का आनन्द लिया।


इंसान यदि चाहे तो एवरेस्ट पे भी जा सकता है
अपनी भक्ति से मानव भगवान को भी पा सकता है
ग्रहण कहे कि तुम अपने बडप्पन पे ना इतराओ
चांद भी कुछ समय के लिए सूरज को छुपा सकता है
रसिक गुप्ता, दिल्ली




तन में तरंग उठी उस में उमंग उठी
नेह की छुअन अंग-अंग में समायी है
लगती सुहानी रात प्रात करती है बात
सुध-बुध खोयी ऐसी मुरली बजायी है
मधु मोहिनी उपाध्याय, नोएडा




शक्ति भक्ति की विजय पताका दुनियां में लहराते
तीज और त्यौहार पे घर आंगन सदा सजाते
होली दीवाली दशहरा का त्यौहार मनाते
भारत की माटी से महके जिनके तन मन प्रान
मन में अमृत जल कल-कल गंगा मां का वरदान
धड़कता प्यारा हिन्दुस्तान, हर भारत वंशी के दिल में धड़के हिन्दुस्तान
गजेन्द्र सोलंकी, दिल्ली


आपका दर्द मिटाने का हुनर रखते हैं
जेब खाली है, ख़जाने का हुनर रखते हैं
अपनी आँखों में भले, आसुओं का सागर हो
मगर जहां को हंसाने का हुनर रखते हैं।
डा॰ सुनील जोगी, दिल्ली




कोई जाति कोई पंथ विशेष नहीं
प्रांतवाद का भी कोई परिवेश नहीं
राज ठाकरे को जाकर ये समझाओ
मुंबई भारत का हिस्सा है देश नहीं
राजेश चेतन, दिल्ली
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