नोट छापने की कैसी ये बेला है
शेयर मार्केट लगे ठगों का मेला है
अनिल अम्बानी थोड़ा हमको समझाओ
जनता के संग खेल कौन सा खेला है
Sunday, February 17, 2008
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कवि राजेश चेतन की हास्य व्यंग और विचार कविता की चौपाल में आपका स्वागत है। देखने के लिए यहाँ क्लिक करें https://twitter.com/rajeshchetan http://kavitakosh.org/kk/राजेश_चेतन
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