Friday, June 11, 2021

हर सप्ताह 41.0

 

जनता का मर मर कर जीना दिल्ली मे सब चलता है।

हाकिम चलता ताने सीना दिल्ली मे सब चलता है॥


इस नेता का उस नेता का हर नेता का चमचा है।

अच्छा हो या घोर कमीना दिल्ली मे सब चलता है॥


ये बाबू है वो बाबू है, इस बाबू पर वो बाबू है।

सबका हफ्ता और महीना दिल्ली मे सब चलता है॥


कच्ची पर्ची, पक्की पर्ची, पर्ची पर पर्ची पर पर्ची।

टैक्स का पैसा सबने छीना दिल्ली मे सब चलता है॥


इधर बार है उधर बार है, ठेकों पर लम्बी कतार है।

गाड़ी मे भी दारु पीना, दिल्ली मे सब चलता है॥


बस रिक्शा आटो या गाड़ी, सड़को सड़को जनता है।

मैट्रो मे भी बहे पसीना, दिल्ली मे सब चलता है

हर सप्ताह 40.0

 

चीनी खरपतवार हमारे भारत में
पाकिस्तानी यार हमारे भारत में

देसी-अंग्रेजी में नित तू-तू मैं-मैं
चारागर तक़रार हमारे भारत में

मोदी जी को पानी पी-पी कर कोसे
केजरिया सरकार हमारे भारत में

कलकत्ता से रोज़ सुनाई देती है
ममता की ललकार हमारे भारत में

मंच थिएटर में कोरोना छाया है 
संकट में फ़नकार हमारे भारत में

शादी, मंडप, टेंट, पड़े सूने-सूने 
बाराती  लाचार  हमारे भारत में

इससे अच्छे दिन क्या होंगे 'चेतन' जी
घर सिमटा संसार हमारे भारत में

Friday, May 28, 2021

हर सप्ताह 39.0

सत्य सनातन का रखवाला सावरकर 
आज़ादी की पावन ज्वाला सावरकर

दो-दो उम्र क़ैद तक दीं अंग्रेजों ने
झुका न फिरभी वीर निराला सावरकर

कवि लेखक और नाटक भी लिखने वाला
कला-कलम का पुण्य शिवाला सावरकर

कालापानी : कोल्हू - कोड़ों की गाथा
हर क़िस्से का एक हवाला सावरकर

भले मराठी था पर हिंदी अपनाई 
सबको साथ पिरोने वाला सावरकर

गांधी हत्या का बेशक़ आरोप लगा
निर्दोषी निकला मतवाला सावरकर

सागर पार किया जिसने बजरंगी सा
देशभक्ति का दिव्य उजाला सावरकर

 

Thursday, May 27, 2021

हर सप्ताह 38.0

 रामकथा आधार जानकी सीता जी
श्री राम का प्यार जानकी सीता जी

धरती से प्रगटी थीं माता जगदंबा
रामायण का सार जानकी सीता जी

बैसाख शुक्ल नौमी को पावन करने को
लिया मनुज अवतार जानकी सीता जी

धनुष यज्ञ के नायक राघव राम बने
बनीं राम-गलहार जानकी सीता जी

राघव के सँग हर्षित होकर जंगल भी
कीन्हा अंगीकार जानकी सीता जी

केवट ने जब राम से उतराई माँगी
दी मुद्रिका उतार जानकी सीता जी

साधुवेश-रावण की माया में फँसकर
कर गई रेखा पार जानकी सीता जी

लंका जली, अशोक वाटिका भी उजड़ी
बनीं दुष्ट की हार जानकी सीता जी

संशय मिटे सभी का, अग्नि परीक्षा दी
लपटें कीं स्वीकार जानकी सीता जी

राम प्रतिष्ठा को समझा सबसे ऊपर
छोड़ दिया घर-बार जानकी सीता जी

वाल्मीकि आश्रम में लव-कुश को जन्मा
रघुकुल का विस्तार जानकी सीता जी

राघव  को  ही  सौंपे  राघव  के  बेटे
किया जन्म साकार जानकी सीता जी

धरती की बेटी धरती में समा गई
दिया स्वयं को वार जानकी सीता जी

हर सप्ताह 37.0

 टीवी पर जब-जब आते केजू बाबा
धीरे-धीरे   मुस्काते   केजू   बाबा

ऑक्सीजन की दिल्ली में मारामारी
मोदी-मोदी  चिल्लाते  केजू  बाबा

ठप्प मोहल्ला क्लीनिक सब, लेकिन देखो
विज्ञापन  में  छा  जाते  केजू  बाबा

ऑक्सीजन के जमाखोर वो ही निकले
जिनको  टोपी  पहनाते  केजू  बाबा

शमशानों में लाशों का अम्बार लगा
खड़े  कोर्ट  में  रिरियाते केजू  बाबा

मुफ्तखोर हो गई देश की रजधानी
फ्री - फ्री  से  बहलाते  केजू  बाबा

नगर निगम से हरदिन लड़ते रहते हैं
बिना  बात  ही  गुर्राते  केजू  बाबा

हर सप्ताह 36.0

 मंदिर - मंदिर शीश झुकाया दीदी ने
माँ चंडी का पाठ सुनाया  दीदी  ने

सी.एम की कुर्सी पाई तो बदल गई
गली - गली में रक्त बहाया दीदी ने

व्हीलचेयर का सच, सच में नाटक निकला
जीत मिली और पाँव घुमाया दीदी ने

माँ - बहनों  की  इज्ज़त  गुंडे  लूट  रहे
बेशर्मी   का   रास   रचाया   दीदी  ने

नंदीगांव  से  जो  चुनाव  तक  हार  गई
उप  पर  भी  सी.एम  पद पाया दीदी ने

बंगभूमि  तो  'काश्मीर'  बन  जायेगी
हर  घुसपैठी  को  भड़काया  दीदी ने

राज्यपाल ने समझाया लेकिन फिर भी
लोकतंत्र   सूली   लटकाया   दीदी  ने

हर सप्ताह 35.0

 सबको मिल इस बीमारी से लड़ना है
देश को अपनी लाचारी से लड़ना है

ऑक्सिजन बिन श्वासें उखड़ रहीं हरसू
सरकारों की मक्कारी से लड़ना है

रेमडेसिविर पर भी दल्लों की नज़रें हैं
हमको कालाबाज़ारी से लड़ना है

रक्त प्लाज़्मा आगे बढ़कर दान करें
मिलजुल कर जिम्मेदारी से लड़ना है

वेंटिलेटर वाला बेड मिलना मुश्किल
'यमदूतों' की फ़नकारी से लड़ना है

वैक्सीन की डोज़ लगे सबको, आख़िर
कोरोना की गद्दारी से लड़ना है

जैसा है इससे ही काम चलाना है
सबको सिस्टम सरकारी से लड़ना है

हर सप्ताह 34.0

 सत्य अहिंसा पर जो चलता महावीर हो जायेगा
पर पीड़ा को देख पिघलता महावीर हो जायेगा

मांस बीफ अंडे को छोड़ो शाकाहारी बन जाओ
जैन फ़ूड से बालक पलता महावीर हो जायेगा

क्षमा भाव को मन में रखकर सब जीवों को क्षमा करो
दया भाव के संग सरलता महावीर हो जायेगा

बारूदी हों या परमाणु सब युद्धों को बंद करो
शांति ! शांति !! का मंत्र मचलता महावीर हो जायेगा

क्रोध घृणा और वैर भाव का परित्याग करना होगा
मन में जागे जब निर्मलता महावीर हो जायेगा

जीवन एक कला है प्यारे, सुख दुःख में समभाव रहे
दुक्खों में भी चेहरा खिलता महावीर हो जायेगा

सीमित साधन सादा जीवन तप संयम स्वीकार करो
दीप नहीं फिर जीवन जलता महावीर हो जायेगा

हर सप्ताह 33.0

 सरकारें बीमार साथियो कोविड में
सब कुछ बंटाधार साथियो कोविड में

ममता मोदी राहुल बाबा की रैली
ख़ूब चुनाव प्रचार साथियो कोविड में

हरिद्वार में जुटे कुंभ में लाखों जन
मां गंगा से प्यार साथियो कोविड में

अस्पताल में ऑक्सिजन का संकट है
डॉक्टर भी लाचार साथियो कोविड में

वेंटिलेटर मिलना भी आसान नहीं
साँसे हुईं उधार साथियो कोविड में

वैक्सीन भी धीरे-धीरे हवा हुई
सरकारों में रार साथियो कोविड में

शमशानों में लम्बी-लम्बी लाइन हैं
कब्रें भी दुश्वार साथियो कोविड में

हर सप्ताह 32.0

 दुनिया की दूजी आबादी ज़िन्दाबाद
शुभ अमृत उत्सव आज़ादी ज़िन्दाबाद

रक्त नहाए, फांसी लटके तब जाकर
की थी गौरों की बर्बादी ज़िन्दाबाद

भारत मां को जंजीरों से मुक्त किया
मेरी मां अब है शहजादी ज़िन्दाबाद

सत्य अहिंसा सत्याग्रह औज़ार बने
चरखे वाली पावन खादी ज़िन्दाबाद

अण्डमान औ' काला पानी की जेलें
वीर सावरकर हिन्दूवादी ज़िन्दाबाद